Dehati Pati Lyrics – Dinesh Lal Yadav & Antra Singh

Dehati Pati Lyrics - Dinesh Lal Yadav & Antra Singh

Dehati Pati Lyrics Sing by Dinesh Lal Yadav “Nirahua” & Antra Singh and music given by Shankar Singh and lyrics by Raushan Singh Vishwas.

SingerDinesh Lal Yadav & Antra Singh
MusicShankar Singh
Song WriterRaushan Singh Vishwas

Dehati Pati Lyrics

शहरी हूँ मै जस्ट लाइक विदेशी घर में तुम्हारे है कूलर न ऐ सी
शहरी हूँ मै जस्ट लाइक विदेशी घर में तुम्हारे है कूलर न ऐ सी
हम हई देहाती पति जब कट जाई बिजली बत्ती
हम हई देहाती पति जब कट जाई बिजली बत्ती
तबो हारब न थाकब हो
चल चल धनि रात भर पंखा हाकब हो
चल चल धनि रात भर पंखा हाकब हो

नया बानी कनिया कोमल बदनिया बाटे अभी सुकुवार हो
घूमे ला तहरा घरे ए जानु नइखे मारुती कार हो
नया बानी कनिया कोमल बदनिया बाटे अभी सुकुवार हो
घूमे ला तहरा घरे ए जानु नइखे मारुती कार हो
सुन सुन ए प्राण प्यारी भले बाटे न घोडा गाड़ी
सुन सुन ए हमरी प्यारी भले बाटे न घोडा गाड़ी
तबो शरधा पुराईब हो
चल चल रानी गोदी उठाके घुमाईब हो
चल चल धनि रात भर पंखा हाकब हो

पाउडर क्रीम कुछ मिली न निरहू ब्यूटी ख़राब होइ जाई
प्रवीण कहेले चूल्हा पर रोटी सेकेलि तोहार माई
पाउडर क्रीम कुछ मिली न निरहू ब्यूटी ख़राब होइ जाई
प्रवीण कहेले चूल्हा पर रोटी सेकेलि तोहार माई
विश्वास कल रौशन पर जब चढ़ जाई तोहरा मन पर
विश्वास कल रौशन पर जब चढ़ जाई तोहरा मन पर
मोरा गाँव के कलर हो
साच कह तानी फिर बोलबू न अबर लबर हो